बस्ती: ठेला धकेलने से मना करने पर युवक की बेरहमी से पिटाई, इलाज के दौरान मौत; परिजनों का आक्रोश, सड़क जाम कर प्रदर्शन
बस्ती (उत्तर प्रदेश)। लालगंज थाना क्षेत्र के थाल्हापार गांव में एक युवक को ठेला धकेलने से इनकार करने पर गांव के ही लोगों ने लाठी-डंडे, ईंट और कुदाल के पासे से बुरी तरह पीट दिया। गंभीर रूप से घायल युवक की गोरखपुर मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान मौत हो गई। शव घर पहुंचते ही परिजनों और ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया। उन्होंने सड़क जाम कर प्रदर्शन किया और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। प्रदर्शन के दौरान मृतक की मां पुलिस की गाड़ी के सामने लेट गईं । जन्मेजय के मना करने पर आरोपियों ने उन पर लाठी-डंडे, ईंट और कुदाल के पासे से हमला बोल दिया। सिर में गंभीर चोट लगने से जन्मेजय बेहोश होकर गिर पड़े। शोर सुनकर जब पिता राम बहाल मौके पर पहुंचे तो आरोपियों ने उनके साथ भी मारपीट की।
इलाज और मौत
परिजन जन्मेजय को तुरंत बनकटी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) ले गए। हालत गंभीर देखकर डॉक्टरों ने उन्हें कैली मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। वहां से भी उनकी स्थिति बिगड़ती देख गोरखपुर मेडिकल कॉलेज भेज दिया गया। इलाज के दौरान दूसरे दिन (बुधवार तड़के लगभग चार बजे) जन्मेजय की मौत हो गई।
शव पहुंचने पर मचा बवाल
बुधवार सुबह शव घर पहुंचते ही परिवार में मातम छा गया। नाराज परिजनों और ग्रामीणों ने थाल्हापार रोड पर सड़क जाम कर जोरदार प्रदर्शन शुरू कर दिया। वे आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे थे। प्रदर्शन के दौरान मृतक की मां पुलिस की गाड़ी के सामने लेट गईं और बेटे की मौत के जिम्मेदार आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार करने की मांग करती रहीं।
पुलिस की सख्ती पर ग्रामीणों से हाथापाई और धक्कामुक्की भी हुई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए भारी पुलिस बल और सर्कल ऑफिसर (CO) मौके पर पहुंचे। CO ने परिजनों को समझाने की कोशिश की, लेकिन उनका प्रदर्शन जारी रहा। ग्रामीणों ने साफ कहा कि जब तक हत्या का मुकदमा दर्ज नहीं होगा और आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जाएगा, तब तक वे नहीं मानेंगे।
पुलिस कार्रवाई
मृतक के पिता राम बहाल की तहरीर पर लालगंज पुलिस ने तीन महिलाओं समेत चार आरोपियों—बालगोविंद, ममता, साक्षी और इंद्रासिनी—के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस जांच में जुट गई है और आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।
परिजनों का आरोप है कि घटना की सूचना पुलिस को पहले भी दी गई थी, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। गांव में तनाव का माहौल बना हुआ है। पुलिस प्रशासन घटना की गहन जांच कर रही है।
