Advertisement

राजीविका परियोजना में करोड़ो रूपये का घोटाला: जिला कलक्टर सहित उच्च अधिकारियों को भेजा लेटर

खंडार रिपोर्टर भगवान शर्मा जिला सवाईमाधोपुर राजस्थान

राजीविका परियोजना में करोड़ो रूपये का घोटाला: जिला कलक्टर सहित उच्च अधिकारियों को भेजा लेटर

सत्यार्थ न्यूज़- सवाई माधोपुर: दलित आजीविका अधिकार केन्द्र के जिला संयोजक एडवोकेट महादेव सिंह ने जिला कलक्टर सवाई माधोपुर, राज्य मिशन निदेशक राजीविका, मुख्यमंत्री, ग्रामीण विकास विभाग मंत्री, सदस्य सचिव राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जयपुर, राजस्थान पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखकर बताया कि सवाई माधोपुर जिलें में राजस्थान सरकार की ग्रामीण गरीब महिलाओं हेतु महत्वकांशी योजनान्तर्गत महिला स्वयं सहायता समूह के माध्यम से महिला सशक्तिकरण व गरीबी उन्मूलन पर कार्य किया जा रहा है जिसमें जिलें में लगभग 01 लाख परिवार इस परियोजना से लाभान्वित है। गौरतलब की बात है इस योजना के मंत्री किरोडी लाल मीना कार्यक्षेत्र व जिला होने के बाद भी इस परियोजना में उच्च अधिकारियों द्वारा करोड़ो रूपये का घोटाला किया जा रहा है तो निम्न प्रकार है :- 1 जिला प्रबन्धक आई.बी ज्योति टांक द्वारा सरकारी राशि को हड़पने के उद्देश्य से रणनीति तैयार कर जिले के सभी कलस्टर स्तर पर नियमों के विरूद्ध अपने हितेशी आरपीआरपी लगाये गये उसके उपरान्त एक विशेष बैंक जो जिला मुख्यालय से लगभग 100 व ग्रामीण क्षेत्रों से 200 कि.मी दूर अरबन कॉपरेटिव बैंक गंगापुर सिटी में जिले के सभी ब्लॉक बौली, मलारना डेंगर, खण्डार एवं चौथ का बरवाडा, बामनवास व गंगापुर से 2100 महिला स्वयं सहायता समूह का गठन कर फर्जी तरीके से समूह में पदाधिकारी बदल कर या एक ही नाम के अलग महिला को रखकर 2100 बचत खाते खुलवाये गये जो कि राजीविका एमआईएस पर सीबीओ रिपोर्ट कार्ड में भिन्नता होने पर भी सरकार की राशि 15000 रू प्रत्येक समूह में डलवाये गये,जो कि कुल 02. 50 करोड़ रूपये का घोटाला कर सरकारी राशि का दुरूपयोग किया गया है। जबकि भारतीय रिजर्व बैंक व एनआरएलएम की गाइडलाइन के अनुसार परियोजना के कार्य क्षेत्र 10 से 15 कि.मी दूरी वाले राष्ट्रियकृत बैंक एवं ग्रामीण बैंक में ही खाते खुलवाये जाने की गाइडलाइन में स्पष्ट निर्देश है जोकि जिला प्रबन्धक आई.बी ज्योति टांक द्वारा नियमों को ताक में रखकर यह बैंक ऑनलाईन एमआईएस पर उपलब्ध नहीं होने के बाद भी खाते खुलवाये और इनके द्वारा लगाये गये आरपीआरपी बैंको से परियोजना की राशि को निकालकर बन्दरबांट कर रहे हैं। अरबन कॉपरेटिव बैंक द्वारा महिला समूहों को लोन नहीं करने के बाद भी यह कृत्य जान बूझकर किया गया है एवं जिले के उच्च अधिकारियों द्वारा मूंह बंद कर सब ध्यान मे होने के बाद भी चुप बैठा रहा है गोरतलब की बात की गरीब महिला इतनी दुर के क्षेत्र खण्डार, बालेर, शिवाड़, बौंली, मित्रपुरा, पिपलदा आदि गांवों की महिलाओं को गंगापुर सिटी जाने में समस्या उत्पन्न हो रही है समस्या का निराकरण करवाने हेतु जाँच करवाने के आदेश फरमावे। यह 2. श्रीमान जी भारतीय रिजर्व बैंक व एनआरएलएम की गाईडलाईन के अनुसार सरकारी परियोजना की राशी डलवाने के उददेश्य से राष्ट्रियकृत बैंक एवं ग्रामीण बैंक को छोडकर किसी एक बैक जो कि सर्विस ऐरिया के बाहर होने के बाद भी अरबन कॉपरेटिव बैंक गंगापुर सिटी मे खाते खुलवा कर राजीविका एमआईएस पर अपडेट होने के बाद ही आरोप प्रमाणित होता है एवं सरकारी परियोजना की राशी के पैसे सम्बन्धित खाते मे डलने के बाद अपराध सिद्ध होना साबित चुका है इसलिए जिला स्तरिये अधिकारी जिला प्रबन्धक, आई.बी ज्योति टांक को तुरन्त प्रभाव से सवाईमाधोपुर मुख्यालय से हटाकर इनकी सेवा राज्य मुख्यालय पर कार्यमुक्त किया जाने के आदेश फरमावे ताकि इस घोटाले की गहनता से की जाने वाली जॉच प्रभावित नही हो सके। 3. जिलें में कार्यरत 500 से अधिक फील्ड स्तर पर कार्यरत एलआरपी व एआरपी, एमटी, लखपति सीआरपी, बैंक सखी, डेस, कृषि व पशु सखी व पोषण सखी का 12 माह से मानदेय रोक रखा है जिसका तुरन्त प्रभाव से भुगतान करवाया जावे व एआरपी की वार्षिक कार्य अवधि को भी रिश्वत लेने के उद्देश्य से रोक कर बैठे है जिसे तुरन्त प्रभाव से निस्तारण करवाने का आदेश फरमावें।अल्प मानदेय संविदा कार्मिक बीपीएम, एरिया कॉर्डिनेटर, पीएएमआईएस के यात्रा बिल, मोबाईल बिल, मानदेय का भुगतान तुरन्त प्रभाव से करवाने हेतु आदेश फरमावें। 5. भ्रष्ट अधिकारी जगदीश मीना द्वारा पिछले 08 माह में मनमर्जी से कर्मचारी व महिला कैडरों को हटाने व उनके विरूद्ध कार्यवाही करने और उनसे पैसे लिये जाने के उद्देश्य से जारी किए गये समस्त आदेशो को निरस्त करने का आदेश फरमावें। 6. एकता सीएलएफ वजीरपुर में कार्यरत कलस्टर मैनेजर सुपिता चौधरी ने भी भ्रष्टाचार के विरूद्ध जिला प्रबन्धक आई. बी ज्योति टांक के विरूद्ध पिछले तीन साल से सीएलएफ की ऑडिट व सीएलएफ के बिल पास नहीं करने सीएलएफ मे हो रहे घोटालो की आवाज उठाई जिसके एवज में उसको भी सीएलएफ से हटवा दिया गया जिसकी भी निष्पक्ष जाँच कर पुनः लगवाने के आदेश फरमावें। 7. मतारानी सीएलएफ चौथ का बरवाडा मे महाराज सिह आरपीआरपी को जिला प्रबन्धक आइबी ज्योति टांक द्वारा कलस्टर पर फर्जी तरीके से लगाकर लाखो रूपयै का घोटाले की अवाज दिव्या बैरवा ने उठायी तो कलस्टर मेनेजर के पद पर कार्य नही करने दिया गया एवं महिलाओ को भड़काकर झूटी शिकायत करवाकर जॉच स्वयं कर उनके विरूद कार्यवाही कर उनसे पैसे ऐठती है। जिला प्रबन्धक आइबी ज्योति टांक द्वारा लगाये गये सभी केडर की जाँच करवाने एवं भ्रष्ट जिला प्रबन्धक आइबी ज्योति टांक को हटवाने के आदेश फरमावे 8. दलित संविदा कर्मी मनोहर लाल बैरवा बीपीएम राजीविका मे हो रहे घोटाले की सच्चाई बताने पर व ईमानदारी से कार्य करने पर डीपीएम व जिला प्रबन्धक, आई.बी द्वारा पैसा लेने के उद्देश्य से बार-बार नोटिस देकर प्रताडित किया जा रहा था। जिसके जवाब में जिला परियोजना प्रबन्धक, ओर जिला प्रबन्धक आइबी ज्योति टांक के विरूद्ध 09 बिन्दुओं सहित 27 पेज का मय साक्ष्यों सहित जवाब प्रस्तुत किया गया, परन्तु भष्ट अधिकारी को मन मुताबिक पैसे नही देने पर लालची जगदीश प्रसाद मीना द्वारा गरीब संविदाकर्मी की बात सुने बिना ही दिनांक 09.12.2025 को झूठी शिकायतों की बिना तथ्य, सबूत के झूठी जॉच रिपोर्ट तैयार कर राज्य कार्यलय को भेजकर गरीब की आजीविका छीन ली गई। ताकी उसके भष्टाचार में बाधा नही बन सके, गरीब संविदाकर्मी के प्रकरण की पुनः निष्पक्ष जाँच कर वापस ज्वाईनिंग देने के आदेश फरमावें।अल्प मानदेय संविदा कार्मिक बीपीएम, एरिया कॉर्डिनेटर, पीएएमआईएस के यात्रा बिल, मोबाईल बिल, मानदेय का भुगतान तुरन्त प्रभाव से करवाने हेतु आदेश फरमावें। 5. भ्रष्ट अधिकारी जगदीश मीना द्वारा पिछले 08 माह में मनमर्जी से कर्मचारी व महिला कैडरों को हटाने व उनके विरूद्ध कार्यवाही करने और उनसे पैसे लिये जाने के उद्देश्य से जारी किए गये समस्त आदेशो को निरस्त करने का आदेश फरमावें। 6. एकता सीएलएफ वजीरपुर में कार्यरत कलस्टर मैनेजर सुपिता चौधरी ने भी भ्रष्टाचार के विरूद्ध जिला प्रबन्धक आई. बी ज्योति टांक के विरूद्ध पिछले तीन साल से सीएलएफ की ऑडिट व सीएलएफ के बिल पास नहीं करने सीएलएफ मे हो रहे घोटालो की आवाज उठाई जिसके एवज में उसको भी सीएलएफ से हटवा दिया गया जिसकी भी निष्पक्ष जाँच कर पुनः लगवाने के आदेश फरमावें। 7. मतारानी सीएलएफ चौथ का बरवाडा मे महाराज सिह आरपीआरपी को जिला प्रबन्धक आइबी ज्योति टांक द्वारा कलस्टर पर फर्जी तरीके से लगाकर लाखो रूपयै का घोटाले की अवाज दिव्या बैरवा ने उठायी तो कलस्टर मेनेजर के पद पर कार्य नही करने दिया गया एवं महिलाओ को भिडकाकर झूटी शिकायत करवाकर जॉच स्वम कर उनके विरूद कार्यवाही कर उनसे पैसे ऐठती है। जिला प्रबन्धक आइबी ज्योति टांक द्वारा लगाये गये सभी केडर की जाँच करवाने एवं भ्रष्ट जिला प्रबन्धक आइबी ज्योति टांक को हटवाने के आदेश फरमावे 8. दलित संविदा कर्मी मनोहर लाल बैरवा बीपीएम राजीविका मे हो रहे घोटाले की सच्चाई बताने पर व ईमानदारी से कार्य करने पर डीपीएम व जिला प्रबन्धक, आई.बी द्वारा पैसा लेने के उद्देश्य से बार-बार नोटिस देकर प्रताडित किया जा रहा था जिसके जवाब में जिला परियोजना प्रबन्धक, ओर जिला प्रबन्धक आइबी ज्योति टांक के विरूद्ध 09 बिन्दुओं सहित 27 पेज का मय साक्ष्यों सहित जवाब प्रस्तुत किया गया परन्तु भष्ट अधिकारी को मन मुताबिक पैसे नही देने पर लालची जगदीश प्रसाद मीना द्वारा गरीब संविदाकर्मी की बात सुने बिना ही दिनांक 09.12.2025 को झूठी शिकायतों की बिना तथ्य, सबूत के झूठी जॉच रिपोर्ट तैयार कर राज्य कार्यलय को भेजकर गरीब की आजीविका छीन ली गई। ताकी उसके भष्टाचार में बाधा नही बन सके, गरीब सविदाकर्मी के प्रकरण की पुनः निष्पक्ष जाँच कर वापस ज्वाईनिंग देने के आदेश फरमावें।अतः निवेदन है कि उक्त सभी 1 से 8 तक बिन्दुओं पर कार्यवाही करते हुए प्रकरणों का निस्तारण करवाने की कृपा करें एवं भ्रष्ट अधिकारी की दलाल जिला प्रबन्धक आई. बी ज्योति टांक को तुरन्त प्रभाव से राज्य कार्यालय को कार्यमुक्त करवाने हेतु डीपीएम सवाई माधोपुर व परियोजना निदेशक को आदेश फरमावें ताकि निष्पक्ष जाँच होकर परियोजना से जुडे हुए गरीब लोगो का भला हो सकें। साथ ही इस पत्र पर की जाने वाली कार्यवही से इस कार्यालय को भी अवगत करवाने का श्रम करावे की मांग की है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!