माँ बगलामुखी की नगरी में बाबा रामदेव का चमत्कार: भक्तों की मुरादें हो रही पूरी, भेंट में मिली कार और स्कूटी
सत्यार्थ न्यूज़ संवाददाता मनोज कुमार माली सोयत कला नगर से

नलखेड़ा नगर में माँ बगलामुखी की पावन नगरी नलखेड़ा में आस्था और विश्वास का एक ऐसा केंद्र उभर कर सामने आया है, जहाँ भक्तों की हर मनोकामना पूरी हो रही है। कचनारिया रोड स्थित वार्ड नंबर 4 में विराजित बाबा रामदेव का स्थान इन दिनों क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। मान्यता है कि यहाँ नि:संतान दंपत्तियों की सूनी गोद बाबा के आशीर्वाद से भर जाती है और भक्त अपनी मन्नत पूरी होने पर स्वेच्छा से बाबा के चरणों में बड़े अर्पण कर रहे हैं।
बिना चंदे के 9 दिनों तक चला विशाल भंडारा
इस नवरात्रि के पावन पर्व पर बाबा के दरबार में अद्भुत नजारा देखने को मिला। यहाँ बिना किसी सार्वजनिक चंदे या बैंक बैलेंस के, भक्तों के सहयोग से लगातार 9 दिनों तक विशाल भंडारा आयोजित किया गया। सेवादार श्री गणेश सोनी बताते हैं कि यहाँ किसी से ₹1 की भी मांग नहीं की जाती। भक्त अपनी श्रद्धा से स्वयं आगे आकर भंडारे की जिम्मेदारी उठाते हैं।
नवरात्रि भंडारा सेवादारों की सूची:
* प्रथम दिवस: गोपीलाल जी दलाल (नलखेड़ा)
* द्वितीय दिवस: महेश जी विट्ठल
* तृतीय दिवस: हर्ष चोपड़ा (घोंसला वाले)
* चतुर्थ दिवस: आभा दीदी खंडेलवाल (इंदौर)
* पंचम दिवस: मुकेश जी पाटीदार (माणा वाले)
* षष्ठम दिवस: बद्रीलाल जी विश्वकर्मा (नलखेड़ा)
* सप्तम दिवस: संतोष जी राठौड़ (चक्की वाले) नलखेड़ा
* अष्टम दिवस: अनिल जी पाठक (रतलाम)
* नवम दिवस: दीपक खंडेलवाल द्वारा कन्या पूजन एवं महाप्रसाद
मन्नत पूरी होने पर भक्त ने भेंट की ‘फोर व्हीलर’
बाबा की महिमा ऐसी है कि एक भक्त ने अपनी बड़ी मन्नत पूरी होने पर खुशी से दरबार में फोर व्हीलर गाड़ी भेंट की, वहीं एक अन्य भक्त द्वारा इलेक्ट्रिक स्कूटी भी अर्पित की गई। मंदिर के सेवादार विशाल सोनी ने बताया कि बाबा की कृपा से ही उनका जीवन सुचारू रूप से चल रहा है और वे पूर्णतः सेवा में समर्पित हैं।
> “हम यहाँ किसी से कोई मांग नहीं करते। बाबा सबकी झोली भरते हैं और भक्त अपनी मन्नत पूरी होने पर स्वेच्छा से चढ़ावा और भंडारा करते हैं।”
> — श्री गणेश सोनी, मुख्य सेवादार
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खास बातें जो बनाती हैं इसे विशेष:
* बुधवार की बैठक: प्रति बुधवार को बाबा की विशेष बैठक होती है जिसमें दूर-दराज से लोग दुख-निवारण के लिए आते हैं।
* दूज की महाआरती: प्रत्येक दूज पर भव्य महाआरती का आयोजन होता है।
* नि:स्वार्थ सेवा: सेवादार गणेश सोनी अपनी सादगी और नि:स्वार्थ भाव से बाबा की सेवा में जुटे हैं, जो बिना किसी प्रलोभन के लोगों के कल्याण का मार्ग प्रशस्त कर रहे हैं।


















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