कलेक्टर श्री विवेक श्रोत्रिय की उपस्थिति में दिगौड़ा में अभिलेख सुधार के 77 आवेदनों का हुआ निराकरण

संकल्प से समाधान अभियान अंतर्गत ग्राम दिगौड़ा में राजस्व प्रकरणों के निराकरण हेतु शिविर आयोजित
कलेक्टर, एसडीएम एवं तहसीलदार कोर्ट लगाकर राजस्व संबंधी समस्याओं का कराया गया निराकरण
टीकमगढ़ म प्र से कविन्द पटैरिया पत्रकार की रिपोर्ट

टीकमगढ़, 11 फरवरी 2026/* कलेक्टर श्री विवेक श्रोत्रिय की अध्यक्षता में आज ग्राम पंचायत दिगौड़ा में संकल्प से समाधान अभियान अंतर्गत शिविर का आयोजन किया गया। इस दौरान राजस्व के अभिलेख सुधार के लिए एक साथ कलेक्टर, अनुविभागीय अधिकारी एवं तहसीलदार कोर्ट लगाकर आवेदनों का निराकरण किया गया। कलेक्टर श्री श्रोत्रिय ने संबंधित अधिकारियों के साथ आमजन से प्राप्त आवेदनों पर कार्यवाही करते हुये एक दिन में 77 अभिलेख सुधार के आवेदनों का निराकरण कराया।

कलेक्टर श्री विवेक श्रोत्रिय के निर्देशानुसार दिगौड़ा में राजस्व के प्रकरणों के त्वरित समाधान एवं निराकरण के उद्देश्य से कलेक्टर, अनुविभागीय अधिकारी एवं तहसीलदार कोर्ट लगाया गया, जिसमें राजस्व विभाग के प्राप्त 77 प्रकरणों में अंतिम आदेश पारित किये गये, सभी प्रकरणों में आवेदक के पक्ष में निर्णय हुआ। उल्लेखनीय है कि दिगौड़ा में कलेक्टर/एसडीएम/तहसीलदार न्यायालय में एक ही दिन में सुनवाई की गई, ये प्रकरण लगभग पिछले पांच वर्षों से लंबित थे।
शिविर के दौरान ग्राम दौर निवासी गुमान तनय हरदास बुनकर, मऊबुजुर्ग निवासी लक्ष्मन तनय मलखान घोष, वर्माडांग निवासी चन्दू तनय प्रागी घोषी, दिगौड़ा निवासी खुन्नी, कालीचरन, चुन्नी तनय मस्सू अहिरवार, कमलनगर निवासी चन्ना तनय तुलसिया काछी, वीरज तनय घुसुवा, विलगांय निवासी रामचरन तनय हरकू घोष, भगवानदान, भजनलाल, कमलेश पुत्र बंदू, भूरिया बेबा हल्कू, घुरके तनय घपू, ग्राम विघा पन्नालाल पिता लुखरा लुहार, गोेकुल तनय लूला उर्फ मनसुख ढीमर तथा ग्राम धामना निवासी प्रभा देवी बेवा मुन्ना के आवेदन पर खसरे में त्रुटि को मौके पर ही सुधार कर राजस्व अभिलेख दुरूस्ती के प्रकरण में अंतिम आदेश पारित किये गये। साथ ही ग्राम बैदऊ निवासी कमलेश वेवा राजेन्द्र सिंह घोष द्वारा बीपीएल कार्ड बनवाने हेतु आवेदन दिया, जिस पर तत्काल कार्रवाई करते हुए बीपीएल सूची में नाम जोड़ा गया।
इस दौरान संकल्प से समाधान अभियान अंतर्गत ग्राम दिगौड़ा में स्टॉल लगाकर अधिकारी एवं ब्लॉक लेवल अधिकारियों के साथ ही विभागीय अधिकारियों/कर्मचारियों की उपस्थिति में पात्र हितग्राहियों को शासन की हितग्राहीमूलक योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए आवेदन लिए गये।
अभिलेख सुधार संबंधी प्रकरणों में कलेक्टर कोर्ट से अनुमति प्राप्त करने के उपरांत तहसीलदार द्वारा जांच की जाती है एवं अनुविभागीय अधिकारी द्वारा अंतिम निर्णय लिया जाता है जिस कारण इस प्रक्रिया में समय लग जाता है इसलिए त्वरित समाधान एवं निराकरण के उद्देश्य से एक साथ तीनों राजस्व कोर्ट लगाकर निराकरण किया गया।
इस अवसर पर एसडीएम जतारा श्री संजय कुमार दुबे, डिप्टी कलेक्टर सुश्री अंजली शर्मा, जनपद पंचायत जतारा सीईओ श्री सिद्धगोपाल वर्मा, तहसीलदार दिगौड़ा श्रीमती प्राची जैन सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।


















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