सत्यार्थ न्यूज़ चैनल भीलवाड़ा
रिपोर्टर अब्दुल सलाम रंगरेज
फादर्स डे पर विशेष ___डॉक्टर बनी आशिता सोनी _काछोला का किया नाम रोशन
पिता ने बढ़ाया हर समय हौसला
आज फादर्स डे है__ युवा वर्ग के छात्र और छात्राएं अपने कैरियर के प्रति जागरुक है और लगातार मेहनत करते हुए आगे बढ़ने का प्रयास कर रहे हैं। लेकिन एक पिता है जो चाहता है कि अपना बेटा या बेटी कुछ कर दिखाएं। पिता की आर्थिक स्थिति कैसी भी हो उनकी इच्छा को पूर्ण करने के लिए हर संभव प्रयास करता है। और कई छात्र और छात्राएं अपने पिता की कसौटी पर खरे उतरते हैं।
ऐसी ही एक विभूति है काछोला की आशिता सोनी जो डॉ.एन के सोनी की सुपुत्री है ,और यह भी अजीब संयोग है कि आज “फादर्स डे_” के दिन आशिता सोनी ने एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी कर ली है। आशिता सोनी टर्नोपेल नेशनल यूनिवर्सिटी यूक्रेन में पढ़ाई कर रही थी।कठिन परिस्थितियों में जब यूक्रेन और रूस के बीच युद्ध का माहौल चल रहा था उस समय स्वयं को मजबूत रखते हुए अपने साथी अन्य छात्र-छात्राओं को सुरक्षित बाहर निकाल कर इंडिया लेकर आई। और वापस यूक्रेन ले जाकर उनकी पढ़ाई पूरी कराई ।
यूक्रेन में युद्ध के दौरानआशीता सोनी ने सोशल मीडिया के जरिए अपनी पीड़ा को व्यक्त किया था। और उस समय विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने अपने ट्विटर हैंडल उक्त पीड़ा को पोस्ट किया था ।देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पूरी सरकार ने इस पर तत्काल एक्शन लेते हुए सभी छात्रों को स्वदेश सुरक्षित पहुंचाने का निर्णय लिया था।
आज फादर्स डे है_ आशिता सोनी अपनी एमबीबीएस की पढ़ाई का पूरा श्रेय अपने पिता को देती है। अपनी कठिन परिश्रम मेहनत और लगन के बल पर उसने यह कोर्स पूरा किया है।
और पिता के लिए इससे ज्यादा गर्व की बात क्या हो सकती है? पिता अपने बच्चों के करियर के लिए जी जान लगाता है और बच्चों को भी पढ़ाई के दौरान उनके द्वारा विपरीत परिस्थितियों को सहन करते हुए बच्चों को अपनी मंजिल तक पहुंचाने का कार्य करते हैं। यह बच्चों को भी याद रखना चाहिए। ऐसे ही संस्कार और मनमे अपने माता-पिता के प्रति सद्भाव व्यक्ति को हमेशा ऊंचा उठाते हैं।


















Leave a Reply