लोकेशन उज्जैन
रिपोर्टर नितिन पंड्या
फर्जी तरीके से बटवारा करवा कर भूमि को किया विक्रय फर्जी बटवारे को एसडीएम ने किया निरस्त
विक्रेता ने बिना कब्जे की भूमि को किया विक्रय
क्रेता पक्ष ताकत के बल पर कब्जे का कर रहे हैं प्रयास

बड़नगर। पैतृक भूमि खाता में फर्जी तरीके से सभी सह-खातेदारों की बिना अनुमति के अवैध तरीके से बटवारा करवा कर हिस्से से अधिक बिना कब्जे की भूमि विक्रय करने तथा क्रेता द्वारा जबरन ताकत के बल पर कब्जा प्राप्त करने का मामला सामने आया है आपको बता दे की बसंतीलाल पिता भारत लाल पाटीदार निवासी ग्राम ढोलना तहसील बदनावर जिनकी पैतृक भूमि ग्राम जस्साखेड़ी तहसील बडनगर में करीब 37 बीघा भूमि स्थित है। उक्त भूमि पीड़ित किसान बसंती लाल के पिता के नाम से शासकीय रिकॉर्ड में दर्ज थी लेकिन भरत लाल पाटीदार एवं उनकी पत्नी लीलाबाई की मृत्यु होने के बाद उनके वैध वारिस उनके पुत्र आनंदीलाल, बसंतीलाल व पुत्री सुनीता का नाम उक्त भूमि पर 1/3 हिस्से पर दर्ज होना था। लेकिन भरत लाल के बड़े पुत्र आनंदीलाल की मृत्यु होने के बाद उनक पत्नी कमलाबाई व पुत्र मुकेश ने तहसील न्यायालय में बिना सह खातेदारों को सूचना दिए फर्जी तरीके से 1/2 हिस्से के मान से बटवारा करवा कर अपने हिस्से से अधिक भूमि को विक्रय कर दिया जबकि 1/3 के मान से आनंदीलाल के हिस्से में करीब 12 बीघा भूमि आती है और आनंदीलाल की मौत के बाद उनके वैध वारिस उनकी विधवा पत्नी कमलाबाई पुत्र मुकेश व पुत्री अर्चना है जिन्हें चार-चार बीघा भूमि अपने हिस्से में आती है लेकिन आनंदीलाल के पुत्र मुकेश व पत्नी कमलाबाई ने जालसाजी करते हुए फर्जी तरीके से तहसील न्यायालय में बटवारा करवा कर अपने हिस्से से अधिक भूमि बड़नगर निवासी प्रदीप पिता सागरमल जैन, राजेश पिता मांगीलाल जैन, राजेश पिता गिरधारी सोनी को विक्रय कर दिया है जिसकी जानकारी मिलने पर बसंती लाल पाटीदार ने उक्त बंटवारे के विरुद्ध अनुविभागीय अधिकारी राजस्व के न्यायालय में अपील प्रस्तुत की थी जिसे स्वीकार कर अविनुभागीय अधिकारी ने फर्जी बटवारे को निरस्त कर दिया था। जबकि ग्राम ढोलाना के ग्रामीणों का भी कहना है कि उक्त भूमि पर स्वर्गीय भरत लाल पाटीदार के समय से ही बसंतीलाल पाटीदार का कब्जा है और वहीं उक्त भूमि में खेती कर फसल लाभ लेते चले आ रहे हैं और अब क्रेता पक्ष उक्त भूमि को जबरन धनबल और बाहुबल के आधार पर उक्त भूमि पर अपना कब्जा करना चाहते हैं जबकि क्रेता को भूमि खरीद करने से पूर्व या भूमि खरीदते समय विक्रेता से मौके पर भूमि का कब्जा लेना था लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया और कब्जा रहित भूमि को खरिद कर अब कब्जा करने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगा रहे हैं। इन्हीं सब बातों को लेकर स्वर्गीया भरत लाल पाटीदार की पुत्री सुनीता पति भंवर लाल पाटीदार ने एक लिखित शिकायत राज्य महिला आयोग भोपाल, डिजीपी भोपाल, राजस्व आयुक्त उज्जैन, आईजी उज्जैन, एसडीएम व तहसीलदार बड़नगर से की है और बताया कि प्रदीप जैन राजेश जैन व राजेश सोनी तीनों कानूनी प्रक्रिया के विधि की विपरीत जाकर ताकत के बल पर गुंडे बदमाशों के बल पर गलत तरीके से उपरोक्त भूमि पर कब्जा करना चाहते हैं। अब देखना यह होगा कि पीड़ित किसान को न्याय मिलता है या कब्जा रहित भूमि खरीदने वाले क्रेता पक्ष को धन बल और बहू बाल से कब्जा मिलता है यह देखने वाली बात होगी।
















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