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गरीब वर्ग कें व मध्यम वर्ग को विकास की मुख्य धारा में लाता यह केंद्रीय बजट 2025 – दिलीप अहिरवार।

गरीब वर्ग कें व मध्यम वर्ग को विकास की मुख्य धारा में लाता यह केंद्रीय बजट 2025 – दिलीप अहिरवार।

 

केंद्र की योजनाओं से लाभ पाकर आतमनिर्भर युवा वैश्विक मंच पर अपनी पहचान बना रहा है – सरोज राजपूत।

कविन्द पटैरिया पत्रकार


टीकमगढ़। आज टीकमगढ़ के भाजपा कार्यालय पर केंद्रीय बजट 2025 -26 की महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस संपन्न हुई। भाजपा मीडिया प्रभारी स्वप्निल तिवारी व प्रफुल्ल द्विवेदी ने बताया कि केंद्रीय बजट 2025- 26 को लेकर यह महत्वपूर्ण प्रेस कांफ्रेंस आयोजित की गई, जिसमें वक्ता के रूप में मुख्य अतिथि मध्यप्रदेश शासन में पर्यावरण राज्य मंत्री दिलीप अहिरवार व भाजपा जिलाध्यक्ष श्रीमती सरोज राजपूत , विवेक चतुर्वेदी, पूरन चंद लोधी, मनोज देवलिया, हर्षेश सोनी मुख्य रूप से उपस्थिति रहे । पर्यावरण राज्यमंत्री दिलीप अहिरवार ने कहा कि केंद्रीय बजट 2025- 26 नई सौगातें लेकर आया है, जिसमें सभी वर्गों के लिए जनहितकारी योजनाएं समाहित है। जिसमें गरीब तबकें व मध्यम वर्ग को राहत दी गई है। उन्होंने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था सभी प्रमुख वैश्विक अर्थव्यवस्था में सबसे तेजी से बढ़ाने वाली अर्थव्यवस्था है। पिछली 10 वर्षों में मोदी सरकार के विकास ट्रैक रिकॉर्ड और संरचनात्मक सुधारों ने महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय ध्यान आकर्षित किया है। युवा, अन्नदाता और नारी पर ध्यान केंद्रित करते हुए विभिन्न क्षेत्रों में विकास के उपाय प्रस्तावित किए गए हैं। लोकतंत्र, जनसांख्यिकी और मांग,विकसित भारत की ओर हमारी यात्रा में प्रमुख सहायक स्तंभ है। मध्यम वर्ग भारत के विकास को शक्ति प्रदान करता है। मध्यम वर्ग के लिए सरकार ने समय-समय पर उनके कर के बोझ को काम किया है, 2014 के ठीक बाद, शून्य कर स्लैब को बढ़ाकर ढाई लाख रुपये कर दिया गया जिसे 2019 में बढ़ाकर ₹5 लाख और 2023 में ₹7 लाख कर दिया गया। नई व्यवस्था के अंतर्गत 12 लाख रुपए तक की आय पर कोई आयकर नहीं देना होगा। वेतन भोगी वर्ग के लिए 12.5 लाख की वार्षिक आय तक कोई आयकर लागू नहीं है क्योंकि वेतन भोगी वर्ग को 75,000 रुपए का मानक कटौती लाभ उपलब्ध है। 50 लाख रुपए की आय वाले व्यक्ति को भी 1,10,000 रूपए का लाभ मिलेगा। सरकार प्रधानमंत्री धन-धन्य कृषि योजना शुरू करेगी राज्यों के साथ

साझेदारी में, इस योजना के अंतर्गत कम उत्पादकता, मध्यम फसल सधनता और औसत से कम रन मानकों वाले 100 जिले शामिल होंगे। इससे 1.7 करोड़ किसानों को मदद मिलेगी। तुअर, उड़द और मसूर पर विशेष ध्यान देते हुए 6 साल का दुल्हनों में आत्मनिर्भरता मिशन शुरू करेगी। राज्यों के साथ साझेदारी में एक व्यापक बहु- क्षेत्रीय’ग्रामीण समृद्धि और लचीलापन’ कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। इसी कौशल, निवेश, प्रौद्योगिकीऔर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने के माध्यम से कृषि में अल्प- रोजगार की समस्या का समाधान किया जाएगा। सरकार गिग वर्कर के पहचान पत्र और ई-श्रम पोर्टल पर पंजीकरण की व्यवस्था करेगी। प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत गिग वर्करों को स्वास्थ्य सेवा प्रदान की जाएगी। इस उपाय से लगभग एक करोड़ गिग वर्करों को सहायता मिलने की संभावना है। सूक्ष्म एवं लघु उद्यमों के लिए ऋण सीमा को 5 करोड रुपए से बढ़ाकर 10 करोड रुपए किया गया है, जिससे अगले 5 वर्षों में 1.5 लाख करोड रुपए का अतिरिक्त ऋण उपलब्ध होगा। पर्यटन क्षेत्र में शीर्ष पांच पर्यटन स्थल भारत में रोजगार आधारित विकास को चुनौती मोड के माध्यम से राज्यों के साथ साझेदारी में विकसित किया जाएगा। रोजगार आधारित विकास को सुविधाजनक बनाने के लिए आतिथ्य प्रबंधन संस्थानों सहित हमारे युवाओं के लिए गहन कौशल विकास कार्यक्रमों का आयोजन करना व होम स्टे के लिए मुद्रा ऋण उपलब्ध कराना। एमएसएमई को उन्न दक्षता, तकनीकी उन्नयन और पूंजी तक बेहतर पहुंच प्राप्त करने में मदद करने के लिए, सभी मामी के वर्गीकरण के लिए निवेश और टर्नओवर सीमा को क्रमशः 2.5 और 2 गुना तक बढ़ावा दिया जाएगा। वर्तमान में सीमा शुल्क अधिनियम 1962 अंनतिम मूल्यांकन को अंतिम रूप देने के लिए कोई समय सीमा प्रदान नहीं करता है। जिससे अनिश्चितता और व्यापार की लागत बढ़ जाती है। व्यापार करने में आसानी को बढाबा देने के उपाय के रूप में, सरकार ने अंनतिम मूल्यांकन को अंतिम रूप देने के लिए 2 साल की समय सीमा तय की है जिसे 1 साल तक बढ़ाया जा सकता है। बजट सत्र में नया आयकर विधेयक पेश किया जाएगा, नया आयकर विधायक अधिक स्पष्ट होगा और इसमें अध्यायों और शब्दों दोनों के संदर्भ में वर्तमान कानून की तुलना में लगभग 50 परसेंट कम पाठ होगा। करदाताओं और कर प्रशासन के लिए इसे समझना आसान होगा,जिससे कर निश्चितता और मुकदमे बाजी में कमी आएगी। कृषि विकास और ग्रामीण विकास में सुधार करते हुए मखाना के उत्पादन, प्रसंस्करण, मूल्य संवर्धन और विपणनमें सुधार के लिए बिहार में मखाना बोर्ड की स्थापना की जाएगी व उच्च उपज वाले बीजों पर राष्ट्रीय मिशन लॉन्च किया जाएगा। सरकार उधम पोर्टल पर पंजीकृत सूक्ष्म उद्यमों के लिए ₹5 लाख की सीमा वाले कस्टमाइज्ड क्रेडिट कार्ड शुरू करेगी,पहले वर्ष में ऐसे 10 लाख कार्ड जारी किए जाएंगे। सक्षम आंगनबाड़ी एवं पोषण 2.0 कार्यक्रम यह योजना देश भर में 8 करोड़ से अधिक बच्चों, एक करोड़ गर्भवती महिलाओं और स्तनपान करने वाली माताओं तथा आकांक्षी जिलों और पूर्वोत्तर क्षेत्र में लगभग 20 लाख किशोरियों को पोषण संबंधी सहायता प्रदान करती है, पोषण सहायता के लिए लागत मानदंडों को उचित रूप से बढ़ाया जाएगा। अगले 5 वर्षों में सरकारी स्कूलों में 50 हजार अटल टिंकरिंग लैब स्थापित की जाएगी। भारतीय भाषा पुस्तक योजना स्कूलऔर उच्च शिक्षा के लिए भारतीय भाषाओं की पुस्तकों को डिजिटल रूप में उपलब्ध कराने के लिए एक नई पहल शुरू की जाएगी। कृत्रिम बुद्धिमत्ता में उत्कृष्टता केंद्र शिक्षा के लिए 500 करोड रुपए की कुल परिव्वय के साथ एक कॉलेज स्थापित किया जाएगा। अगले 3 वर्षों में सभी जिला अस्पतालों में डे केयर कैंसर सेंटर स्थापित करने की सुविधा प्रदान की जाएगी। सरकार राज्यों द्वारा बिजली वितरण सुधारो और अंतर -राज्जीय पोषण क्षमता में सुधार को प्रोत्साहित करेगी।इसमें बिजली कंपनी की वित्तीय सेहत और क्षमता में सुधार होगा। इन सुधारो के आधार पर राज्यों को जीएसडीपी का 0.5 प्रतिशत अतिरिक्त उधार लेने की अनुमति दी जाएगी। अगली 10 वर्षों में 120 नए गंतव्यों तक क्षेत्रीय संपर्क बनाने और चार करोड़ यात्रियों को ले जाने के लिए संशोधित उड़ान योजना शुरू की जाएगी। जुलाई बजट में घोषित निजी क्षेत्र संचालित अनुसंधान,विकास और नवाचार पहल को लागू करने के लिए 20 हजार करोड रुपए आवंटित किए गए हैं। राष्ट्रीय भू स्थानिक मिशन शुरू करेंगे आधारभूत भू स्थानिक अवसंरचना और डेटा का विकास करना है। हस्तशिल्प की निर्यात को सुविधाजनक बनाने के लिए सरकार ने निर्यात की समयाविधि 6 महीने से बढ़ाकर 1 वर्ष कर दी गई है। ग्रामीण क्रेडिट स्कोर विकसित करेंगेयह स्वयं सहायता समूह के सदस्यों ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों की ऋण आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए एक ढांचा तैयार करेगा। साथ ही राज्यों का निवेश मित्रता सूचकांक 2025 में लॉन्च किया जाएगा। सरकार ने 1 अप्रैल 2030 सेपहले नियमित होने वाली स्टार्टअप्स को लाभ उपलब्ध कराने के लिए स्टार्टअप्स के निगमन की अवधि को 5 वर्ष तक बढ़ाने का प्रस्ताव किया है। सात टैरिफ दरें हटाई गई, यह 2023- 24 के बजट में हटाई गई सात तारीक दरों के अतिरिक्त है इसके बाद शून्य दर सहित केवल आठ टेरिफ दरें शेष रहेगी। वरिष्ठ नागरिकों के लिए ब्याज पर कर कटौती की सीमा वर्तमान 50 हजार से दुगनी करके एक लाख रुपए की जा रही है ‌। भाजपा सरकार की महत्वपूर्ण योजनाओं के साथ-साथ अंतिम छोर तक के व्यक्ति व सभी वर्गों के लिए यह बजट सौगातें लाया है, सर्व समावेशी विकास के स्वर्णिम अध्याय में बजट मील का पत्थर साबित होगा। भाजपा जिलाध्यक्ष श्रीमती सरोज राजपूत ने कहा कि संगठन के कार्यकर्ता आम जनमानस में गरीब व्यक्ति तक भाजपा शासन की योजनाओं का प्रचार प्रसार कर जरूरतमंदों तक मदद पहुंचा रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विकसित भारत 2047 विजन का सपना साकार होता दिखाई दे रहा है, केंद्र और राज्य की भाजपा सरकार की योजनाओं हर कोई लाभान्वित है और युवा वर्ग निकलकर आत्मनिर्भर बनते हुए वैश्विक मंच पर अपने कौशल का प्रदर्शन दिख रहा है। प्रेस कॉन्फ्रेंस के समाप्त होने के पश्चात आर्थिक प्रकोष्ठ के हर्षेश सोनी के नेतृत्व में भाजपा वरिष्ठ कार्यकर्ताओं और शहर के वरिष्ठ प्रबुद्ध जनों की उपस्थिति में केंद्रीय बजट पर प्रबुद्ध सम्मेलन किया गया जिसमें लोगों ने सकारात्मक प्रतिक्रिया देते हुए केंद्रीय बजट 2025 का स्वागत किया।

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