Advertisement

लखनऊ : विकसित भारत के लिए ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना आवश्यक: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

www.satyarath.com

• विकसित भारत के लिए ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना आवश्यक: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ।

• यूपी: मुख्यमंत्री योगी ने विधान भवन में फहराया झंडा, आजादी के जश्न में डूबी राजधानी।

• विधान भवन में शहीदों के परिजनों को किया गया सम्मानित, कार्यक्रम आयोजित।

• मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना का ऐलान, 10 लाख युवाओं को मिलेगा रोजगार।

www.satyarath.com

लखनऊ, 15 अगस्त : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गुरुवार को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर अपने सरकारी आवास 5 कालिदास मार्ग पर ध्वजारोहण करने के बाद विधानसभा पहुंचे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधान भवन के गेट नंबर-एक पर ध्वजारोहण किया। इस दौरान हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा की गई।

इस मौके पर मुख्यमंत्री योगी ने शहीदों के परिजनों को सम्मानित किया। इस अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। यूपी, उत्तराखंड, महाराष्ट्र, सिक्किम, जम्मू कश्मीर और मध्य प्रदेश समेत अन्य राज्यों से आए कलाकारों ने मनमोहक प्रस्तुतियां दीं।

स्वतंत्रता दिवस पर आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हमारा तिरंगा गौरव का प्रतीक है। ये साल भारत के लिए ऐतिहासिक है। प्रधानमंत्री मोदी ने इसी साल 22 जनवरी को श्रीराम की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा कर स्थापना की है। उनके नेतृत्व में देश के सभी राज्य बिना किसी भेदभाव के विकास कर रहे हैं। कभी बीमारू राज्य कहा जाने वाला उत्तर प्रदेश 9.2 प्रतिशत जीडीपी के साथ देश की दूसरी अर्थव्यवस्था बनकर उभरा है। राज्य सरकार पूरी प्रतिबद्धता से कार्य कर रही है। सात साल में 56 लाख से ज्यादा गरीबों को पीएम आवास दिया गया है। 2 करोड़ 65 लाख से ज्यादा पानी के कनेक्शन, 15 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन बांटा जा रहा है। शौचालय बनवाए गए, उज्ज्वला गैस कनेक्शन दिया गया। 100 विकासखंडों को विकास की मुख्य धारा से जोड़ा जा रहा है।योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश प्रधानमंत्री मोदी के संकल्पों को दोहराने के लिए तैयार है। प्रत्येक परिवार को फैमिली आईडी उपलब्ध करायी जा रही है। हमारा युवा प्रतिभाशाली है; उनके लिए शिक्षा एवं रोजगार के लिए विशेष प्रयास किये जा रहे हैं। इस अवसर पर एक नई योजना की घोषणा करते हुए खुशी हो रही है। मुख्यमंत्री युवा उद्यम योजना के तहत 10 लाख युवाओं को रोजगार मिलेगा। 50 लाख युवाओं के लिए रोजगार के नये सृजन को गति मिलेगी। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार के सात साल में साढ़े छह लाख युवाओं को सरकारी नौकरी मिली है। युवाओं को तकनीकी रूप से सक्षम बनाने के लिए दो करोड़ से अधिक टैबलेट वितरित किये गये हैं। इस वर्ष परिषदीय विद्यालयों में 20 लाख से अधिक बच्चों ने प्रवेश लिया है।उन्होंने कहा कि एक संभाग एक विश्वविद्यालय की संकल्पना साकार हो रही है। अब हम एक जिला एक विश्वविद्यालय की ओर बढ़ रहे हैं। लखनऊ में अटल बिहारी मेडिकल यूनिवर्सिटी बनकर तैयार है। प्रदेश की पहली स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी मेरठ में बन रही है। यह हमारे अन्नदाता किसानों का ही योगदान है कि यूपी देश का 20 प्रतिशत से अधिक खाद्यान्न उपलब्ध करा रहा है। अब तक 31 सिंचाई परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं। इसी तरह मुख्यमंत्री योगी ने प्रदेश के विकास के बारे में बताते हुए अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं।

प्रधानमंत्री मोदी के 5 ट्रिलियन डॉलर के लक्ष्य के साथ उत्तर प्रदेश ने एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था का लक्ष्य रखा है। यूपी का निर्यात 86 हजार करोड़ से बढ़कर दो लाख करोड़ हो गया है। पिछले सात वर्षों में 16 लाख करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्ताव लागू किये गये हैं। आज हमारा प्रदेश एक्सप्रेसवे प्रदेश के नाम से जाना जाता है। जेवर हवाई अड्डे के साथ, यूपी देश का एकमात्र राज्य बन गया है जहां पांच अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे हैं। पूर्वाचल समेत कई अन्य जिलों में इंसेफेलाइटिस से हजारों बच्चों की मौत हो जाती थी। आज हमारी सरकार ने इससे होने वाली मौतों पर रोक लगा दी है। 2023 में उत्तर प्रदेश में 48 करोड़ पर्यटक आए हैं, यह देश में सबसे ज्यादा है। मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि महाकुंभ 2025 के लिए राज्य सरकार लगातार काम कर रही है। 2019 के कुंभ में स्वच्छता को विशेष महत्व दिया गया। कानून-व्यवस्था के मामले में यूपी ने पिछले सात वर्षों में इतिहास रचा है। आज प्रदेश दंगा मुक्त है। अपराधियों के विरुद्ध सख्त कार्यवाही से माफिया राज समाप्त हो गया है। उत्तर प्रदेश के बारे में लोगों की धारणा बदल गई है। हमारी सरकार विकास, सुशासन, कानून व्यवस्था के साथ-साथ अर्थव्यवस्था पर भी काम कर रही है। मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि हमें छल, कपट और स्वार्थी लोगों से सावधान रहना है।

उन्होंने बंगाल का जिक्र करते हुए कहा कि हमें विभाजनकारी ताकतों को पहचानना होगा. प्रधानमंत्री मोदी का ‘पंचप्राण’ का आह्वान हमारा मार्गदर्शन करता है। इन संकल्पों को पूरा करके 2047 में भारत को विश्व की महाशक्ति बनाना है। जब हम आजादी का शताब्दी वर्ष मना रहे होंगे, तब एक विकसित भारत होगा। इसके लिए हम सभी को राष्ट्र प्रथम के संकल्प के साथ जुड़ना होगा। आज 78वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर हम सभी को एक संकल्प लेना है। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने शहीदों को नमन भी किया।इससे पहले उन्होंने लखनऊ में कालिदास मार्ग स्थित सरकारी आवास पर ध्वजारोहण किया और उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि हम सभी जानते हैं कि 77 साल पहले आज ही के दिन यह देश आजाद हुआ था। सैकड़ों वर्षों की गुलामी का वो कालखंड अचानक एक दिन में नहीं आ गया। एक लंबे संघर्ष के बाद, एक लंबे आंदोलन के बाद हम सभी को यह दिन मिला है।

उन्होंने कहा कि आज हम सभी के लिए आजादी के नायकों और महानायकों के सपनों को साकार करने का दिन है। आज का अवसर हमें भारत माता के उन महान सपूतों को याद करने के साथ-साथ उन संकल्पों से जुड़ने का भी अवसर देता है। यह हमारा सौभाग्य है कि हम आजादी के अमृत काल के तीसरे चरण में प्रवेश कर गये हैं। आजादी के इस पहले दशक में विश्व के सबसे लोकप्रिय राजनेता, भारत के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में इस देश को एक सुरक्षित और समृद्ध भारत के रूप में गौरवशाली नेतृत्व मिला है।उन्होंने कहा कि पिछले 10 साल में हमने नया भारत देखा है. ये नया भारत एक भारत ही नहीं बल्कि श्रेष्ठ भारत भी है। 10 वर्षों में भारत ने हर क्षेत्र में अभूतपूर्व प्रगति की है। हम भी देश की प्रगति में सहभागी बन सकते हैं। आजादी के अमृत महोत्सव में प्रधानमंत्री मोदी ने हर भारतीय को ‘पंच प्रण’ की याद दिलाई थी. ये ‘पंच प्राण’ आज़ादी के उन संकल्पों को पूरा करेगा।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!