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बजट 2025: क्या सस्ता हुआ… क्या महंगा, देखें लिस्ट….12 लाख तक इनकम टैक्स फ्री, बजट में अन्य बड़ी घोषणाएं देख लीजिए..

नई दिल्ली:-केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लगातार आठवां केंद्रीय बजट पेश किया. वित्त वर्ष 2025-26 के लिए बजट में विभिन्न क्षेत्रों में कई घोषणाएं की गई हैं. इसका असर दैनिक उपयोग आने वाली वस्तुओं पर भी पड़ेगा. कुछ उपभोक्ता वस्तुएं सस्ती तो कुछ महंगी हो जाएंगी.प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बजट 2025 की तारीफ करते हुए इसे नागरिकों की जेब भरने वाला बजट करार दिया. उन्होंने कहा कि यह बजट देश के विकास को तेजी से बढ़ाएगा.मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल का यह दूसरा पूर्ण बजट है. बजट में कृषि, विनिर्माण, रोजगार, एमएसएमई, ग्रामीण क्षेत्रों के उत्थान, नवाचार जैसे कई बड़े क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित किया गया है. सीतारमण ने अपने बजट भाषण में कहा, “इस बजट का उद्देश्य परिवर्तनकारी सुधारों पर काम करना है.”

ये वस्तुएं हुईं सस्ती
मोबाइल फोन, सोना, चांदी और तांबे की कीमतों में कमी लाने वाले उपायों की घोषणा

कैंसर और दुर्लभ बीमारियों के लिए 36 दवाओं पर मूल सीमा शुल्क से छूट

37 और दवाओं पर मूल सीमा शुल्क से छूट देने का प्रस्ताव

कैंसर के इलाज की तीन दवाओं को भी मूल सीमा शुल्क से छूट

मछली के पेस्टुरिया पर मूल सीमा शुल्क 30 प्रतिशत से घटाकर 5 प्रतिशत किया गया

मछली हाइड्रोलाइजेट पर मूल सीमा शुल्क 15 प्रतिशत से घटाकर 5 प्रतिशत किया गया.

पाइरीमिडीन रिंग या पाइपरजीन रिंग वाले अन्य रासायनिक यौगिकों पर मूल सीमा शुल्क 10 प्रतिशत से घटाकर 7.5 प्रतिशत किया गया.

खाद्य या पेय उद्योगों में उपयोग किए जाने वाले सिंथेटिक फ्लेवरिंग एसेंस और गंधयुक्त पदार्थों के मिश्रण पर मूल सीमा शुल्क 100 प्रतिशत से घटाकर 20 प्रतिशत किया गया.

कोबाल्ट उत्पाद, एलईडी, जिंक, लिथियम-आयन बैटरी स्क्रैप और 12 महत्वपूर्ण खनिजों को मूल सीमा शुल्क से पूरी तरह छूट देने का प्रस्ताव

प्लेटिनम के अवशेषों पर मूल सीमा शुल्क को भी 25 प्रतिशत से घटाकर 6.4 प्रतिशत किया गया

जहाजों के निर्माण के लिए कच्चे माल पर मूल सीमा शुल्क में अगले 10 वर्षों के लिए छूट

गीले नीले चमड़े को मूल सीमा शुल्क से पूरी तरह छूटवायर्ड हेडसेट, माइक्रोफोन और रिसीवर, यूएसबी केबल आदि के निर्माण में उपयोग होने वाले कच्चे माल को मूल सीमा शुल्क से छूट

ईथरनेट स्विच कैरियर-ग्रेड पर शुल्क 20 प्रतिशत से घटाकर 10 प्रतिशत किया गया

1600 सीसी से अधिक इंजन क्षमता वाली मोटरसाइकिलों पर मौजूदा 50 प्रतिशत के बजाय अब 40 प्रतिशत मूल सीमा शुल्क लगेगा.1600 सीसी और उससे अधिक इंजन क्षमता वाली बाइकों पर मूल सीमा शुल्क 50 प्रतिशत से घटाकर 30 प्रतिशत किया गया

क्रस्ट लेदर (खाल और चमड़े) पर निर्यात शुल्क 20 प्रतिशत से घटाकर शून्य किया गया.

ये वस्तुएं हुईं महंगी

निर्दिष्ट टैरिफ मदों के अंतर्गत आने वालेबुने हुए कपड़ों पर मूल सीमा शुल्क 10/20 प्रतिशत से बढ़कर 20 या ₹115 प्रति किलोग्राम किया गया

इंटरेक्टिव फ्लैट पैनल डिस्प्ले पर मूल सीमा शुल्क को 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत करने का प्रस्ताव

गैर-बायोडिग्रेडेबल प्लास्टिक पर सीमा शुल्क बढ़ाकर 25 प्रतिशत करने का प्रस्ताव

दूरसंचार उपकरणों पर मूल सीमा शुल्क भी 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 15 प्रतिशत किया गया


मोदी सरकार ने टैक्स पर उम्मीद से भी बड़ी राहत दे दी है। वित्त मंत्री ने कहा है कि 12 लाख रुपये तक की इनकम पूरी तरह टैक्स फ्री होग। इसके साथ ही सरकार नया टैक्स कानून भी ला रही है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इसकी घोषणा करते हुए कहा कि नया टैक्स कानून के लिए अगले सप्ताह संसद में विधेयक पेश किया जाएगा। वित्त मंत्री ने अपने बजट भाषण में किसान, महिला, युवा, बुजुर्ग, मिडल क्लास पर खास फोकस रखा। वित्त मंत्री ने जहां आईआईटी और मेडिकल कॉलेजों में सीटें बढ़ाने की घोषणा की तो एआई के लिए सेंटर फॉर एक्सिलेंस की स्थापना का भी ऐलान किया। आइए वित्त वर्ष 2025-26 के बजट की प्रमुख घोषणाओं पर एक नजर डालें।

➤ 12 लाख रुपये तक के इनकम पर कोई टैक्स नहीं लगेगा।
➤ बिहार में मखाना बोर्ड का गठन होगा।
➤ किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) लोन की सीमा 3 लाख से रुपये बढ़कर 5 लाख रुपये हुई।
➤ बिहार में नैशनल इंस्टिट्यूट ऑफ फूड टेक्नॉलजी, आंट्रप्रन्योरशिप, एंड मैनेजमेंट की स्थापना की जाएगी। इससे पूरे पूर्वी क्षेत्र में खाद्य प्रसंस्करण की गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
➤ वर्ष 2015 के बाद स्थापित आईआईटीज में इन्फ्रास्ट्रक्चर बढ़ाने का ऐलान किया गया। इससे 6,500 सीटें बढ़ जाएंगी। आईआईटी पटना का विस्तार किया जाएगा।
➤ एआई के लिए सेंटर ऑफ एक्सिलेंस की स्थापना होग। वित्त मंत्री ने इसके लिए 500 करोड़ रुपये के बजंट आवंटन की घोषणा की है।
➤ पांच विश्वस्तरीय स्किल सेंटर बनेंगे जिनकी विदेशों के साथ भागीदारी होगी।
➤ बुनियादी ढांचे के विकास के लिए राज्यों को 50 वर्ष के लिए 1.5 लाख करोड़ का ब्याज मुक्त कर्ज दिया जाएगा।
➤ मेडिकल की पढ़ाई के लिए वित्त वर्ष 2025-26 में कॉलेजों और अस्पतालों में 10 हजार नई सीटें जोड़ी जाएंगी। सरकार का लक्ष्य अगले पांच वर्ष में नई सीटों की संख्या बढ़ाकर 75 हजार करने का है।
➤ सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग (MSME) का निवेश और टर्नओवर लिमिट क्रमशः ढाई गुना और दोगुना किया गया। महिलाओं, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जन जाति वर्ग के लोगों के पहली बार बिजनस शुरू करने पर 5 लाख रुपये की सहायता दी जाएगी।
➤ उड़ान योजना नए स्वरूप में पेश की जाएगी। योजना के तहत 120 नए डेस्टिनेशंस जोड़े जाएंगे जिनसे 4 करोड़ अतिरिक्त यात्रियों के जुड़ने का लक्ष्य है।
2047 तक कम से कम 100 गीगावॉट परमाणु बिजली पैदा करने का लक्ष्य रखा गया है।
➤ 1 लाख करोड़ रुपये का अर्बन चैलेंज फंड की घोषणा की गई है। इस फंड से रचनात्मक पुनर्विकास को बल मिलेगा। साथ ही, पानी और स्वच्छ बुनियादी ढांचे पर जोर दिया जाएगा।
➤ अगले तीन वर्षों में सभी जिला अस्पतालों में डेकेयर कैंसर सेंटर्स की स्थापना की जाएगी।
➤ टैक्स रिजीम में बड़ा बदलाव होने वाला है। वित्त मंत्री ने अगले सप्ताह संसद में नया टैक्स विधेयक पेश करने की घोषणा की है।
➤ जनविश्वास 2.0 के तहत 100 कानूनों को खत्म करेगी मोदी सरकार।
➤ टैक्स रिजीम में बड़ा बदलाव होने वाला है। वित्त मंत्री ने अगले सप्ताह संसद में नया टैक्स विधेयक पेश करने की घोषणा की है।
➤ 36 जीवन रक्षक दवाओं पर कस्टम ड्यूटी पूरी तरह से हटाया गया। 6 लाइव सेविंग दवाओं पर 6 फीसदी कस्टम ड्यूटी।

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