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UP सरकार ने DGP की नियुक्ति को लेकर किया बेहद महत्वपूर्ण फैसला

UP सरकार ने DGP की नियुक्ति को लेकर किया बेहद महत्वपूर्ण फैसला

ब्यूरो चीफ-एस के, जोशी लखनऊ सत्यार्थ न्यूज़

अब राज्य सरकार स्वयं डीजीपी नियुक्त कर सकेगी क्या सीधे दिल्ली से भिड़ रही योगी सरकार? राजनीतिक विश्लेषकों की राय समझिए


योगी कैबिनेट ने डीजीपी की नियुक्ति को लेकर बेहद महत्वपूर्ण फैसला लिया है। अब इस फैसले पर राजनीति शुरू हो गई है। लंबे समय से यूपी में कार्यवाहक डीजीपी तैनात हैं। वहीं पूर्व डीजीपी ने सरकार के इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट के फैसले के अनुरूप बताया है। साथ ही केंद्र-राज्य सरकार के बीच विवाद को बढ़ाने वाला कदम बताया,

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नई नियमावली के अनुसार, सरकार अब खुद ही डीजीपी की नियुक्ति करेगी और न्यूनतम कार्यकाल 2 साल का होगा। डीजीपी की नियुक्ति के लिए हाई कोर्ट के रिटायर जज की अध्यक्षता में एक नामांकन समिति का गठन किया जाएगा।
आपको बता दें कि यूपी में डीजीपी के चयन के लिए UP पुलिस बल प्रमुख के चयन और नियमावली 2024 को कैबिनेट में मंजूरी दे दी गई है। अब डीजीपी का चयन हाई कोर्ट के रिटायर्ड जज की

अध्यक्षता में एक नामांकन समिति का गठन किया जाएगा।
आपको बता दें कि यूपी में डीजीपी के चयन के लिए UP पुलिस बल प्रमुख के चयन और नियमावली 2024 को कैबिनेट में मंजूरी दे दी गई है। अब डीजीपी का चयन हाई कोर्ट के रिटायर्ड जज की अध्यक्षता वाली कमेटी करेगी। एक बार चुने जाने के बाद डीजीपी को 2 साल का कार्यकाल मिलेगा। इसके लिए चयन के वक्त 6 महीने की सर्विस का बचा होना जरूरी होगा।
इसके साथ ही ही नियमावली में ये भी कहा गया है कि किसी भी आपराधिक या भ्रष्टाचार के मामले में या अपने कर्तव्यों का पालन करने में विफल रहने पर राज्य सरकार, डीजीपी को उनके पद से 2 वर्ष का कार्यकाल पूरा होने से पहले ही हटा सकती है। इसमें ये भी कहा गया है कि पुलिस महानिदेशक को उनके पद से हटाने संबंधित प्रावधानों में सुप्रीम कोर्ट द्वारा पारित दिशा निर्देशों का पालन किया गया है।

डीजीपी की नियुक्ति प्रक्रिया में बदलाव की खबर सामने आते ही समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने बिना किसी का नाम लिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर योगी सरकार पर निशाना साधा। अखिलेश ने कहा कि ‘सुना है किसी बड़े अधिकारी को स्थायी पद देने और और उसका कार्यकाल 2 साल बढ़ाने की व्यवस्था बनायी जा रही है। सवाल ये है कि व्यवस्था बनानेवाले खुद 2 साल रहेंगे या नहीं। सपा मुखिया ने आगे कहा कि कहीं ये दिल्ली के हाथ से लगाम अपने हाथ में लेने की कोशिश तो नहीं है।

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