Advertisement

मनरेगा में बदलाव और जहरीले पानी से मौतों के विरोध में जिला कांग्रेस का सामूहिक उपवास

मनरेगा में बदलाव और जहरीले पानी से मौतों के विरोध में जिला कांग्रेस का सामूहिक उपवास

संवाददाता धनंजय जोशी
जिला पांढुरना मध्य प्रदेश

पांढुरना – भाजपा सरकार द्वारा महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) में किए गए बदलावों को लेकर तथा इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में जहरीले पानी से हुई मौतों और प्रदेशभर में बिगड़ती जल गुणवत्ता के मुद्दे पर जिला कांग्रेस कमेटी ने व्यापक विरोध का ऐलान किया है। इसी कड़ी में जिला कांग्रेस के नेतृत्व में जिला कांग्रेस मुख्यालय पर सामूहिक उपवास का आयोजन किया गया।
यह सामूहिक उपवास राष्ट्रपिता महात्मा गांधी जी के छायाचित्र के समक्ष सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक शांतिपूर्ण एवं अनुशासित तरीके से संपन्न हुआ। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार मनरेगा में बदलाव कर गरीबों और मजदूरों से काम के कानूनी अधिकार को समाप्त करने का प्रयास कर रही है, जो संविधान और सामाजिक न्याय की भावना के खिलाफ है।


कार्यक्रम में जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष श्री जतन उईके जी, नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री ताहिर पटेल जी, नगर कांग्रेस अध्यक्ष श्री जयंत घोड़े, सोशल मीडिया जिला अध्यक्ष श्री देवकांत मांडोगड़े, ब्लॉक कार्यवाहक अध्यक्ष श्री ओम पटेल, वरिष्ठ नेता श्री अमोल धर्माधिकारी, श्री मो. सिराज जी, जनसमस्या निवारण जिला अध्यक्ष श्री नारायण वादबुदे, युवा नेता श्री नेहील सांबरे, श्री पंजाब माजरेवार सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं आम नागरिक उपस्थित रहे।
उपस्थित नेताओं ने कहा कि इंदौर के भागीरथपुरा में जहरीले पानी से हुई मौतें सरकार की घोर लापरवाही को दर्शाती हैं। प्रदेश के कई हिस्सों में आज भी नागरिकों को स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध नहीं हो पा रहा है, बावजूद इसके सरकार गंभीरता नहीं दिखा रही। कांग्रेस ने मांग की कि मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा दिया जाए, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई हो और प्रदेशभर में पानी की गुणवत्ता की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए।


जिला कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि यह विरोध केवल जिला स्तर तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि आने वाले दिनों में जिला, ब्लॉक, शहर और क्षेत्रीय स्तर पर आंदोलन, प्रदर्शन और जनजागरण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि जब तक मनरेगा में मजदूर विरोधी बदलाव वापस नहीं लिए जाते और जनता को स्वच्छ पानी की गारंटी नहीं मिलती, तब तक संघर्ष जारी रहेगा।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!