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100 साल से अधिक पुराने धार्मिक स्थलों का होगा कायाकल्प, 35 के लिए शासन को भेजा गया प्रस्ताव”

गंगेश कुमार पाण्डेय
01/10//2025
(ब्यूरोचीफ) सत्यार्थ न्यूज़ सुलतानपुर, उत्तर प्रदेश

100 साल से अधिक पुराने धार्मिक स्थलों का होगा कायाकल्प, 35 के लिए शासन को भेजा गया प्रस्ताव”

सत्यार्थ न्यूज़ सुलतानपुर:
(सुलतानपुर) पुराने व ऐतिहासिक धार्मिक स्थलों पर शासन की नजर घूमी है। निर्देश पर 100 साल से अधिक पुराने 35 धार्मिक स्थलों का प्रस्ताव डीएम ने शासन को भेजा है। इसकी स्वीकृति मिलने पर प्रस्तावित स्थल भव्य बनाए जाएंगे। श्रद्धालुओं के ठहराव समेत अन्य इंतजाम किए जाएंगे।
शासन के धर्मार्थ कार्य विभाग ने 16 सितंबर में डीएम को पत्र भेजते हुए धार्मिक महत्व के 100 वर्ष से अधिक पुराने स्थलों में शामिल मंदिरों, मठों, कुंड व धर्मशाला, तीर्थस्थलों का जीर्णोद्धार कराने के लिए प्रस्ताव मांगा था। इसमें सार्वजनिक व धार्मिक स्थलों के नाम की भूमि का प्रस्ताव प्रमुख रूप से देने के निर्देश दिए गए थे। धर्मार्थ कार्य निदेशालय की ओर से ऐसे प्रमुख जगहों पर भजन संध्या, सत्संग स्थल का निर्माण कराते हुए मंदिरों व मठों का जीर्णोद्धार कराने को कहा गया है। इस पर डीएम कुमार हर्ष ने प्रभारी पर्यटन अधिकारी डॉ. धीरेंद्र कुमार को विधायकों से भी प्रस्ताव लेने के निर्देश दिए थे।
जानकारी मिलने पर सदर विधायक राजप्रसाद उपाध्याय, कादीपुर विधायक राजेश गौतम, लंभुआ विधायक सीताराम वर्मा व एमएलसी शैलेंद्र प्रताप सिंह ने अपने क्षेत्रों के धार्मिक स्थलों के जीर्णोद्धार के लिए करीब 35 प्रस्ताव दिए हैंं। इसमें भाजपा जिलाध्यक्ष सुशील त्रिपाठी की ओर से परिवहन निगम परिसर के हनुमान मंदिर का भी एक प्रस्ताव शामिल है। विधायक विनोद सिंह की ओर से सीताकुंड का दिया गया प्रस्ताव पहले ही स्वीकृत हो गया है। प्रभारी पर्यटन व जिला सूचना अधिकारी डॉ. धीरेंद्र कुमार यादव ने बताया कि विधायकों के प्रस्ताव को डीएम कुमार हर्ष ने अपनी संस्तुति सहित धर्मार्थ कार्य विभाग को भेज दिया है। भेजे गए प्रस्ताव में विधायकों ने सभी को पुराना व अति महत्व का बताया है। स्वीकृति मिलने पर धार्मिक स्थलों के जीर्णोद्धार का कार्य कराया जाएगा। इससे मंदिरों, मठों व कुंड की भव्यता बढ़ने के साथ श्रद्धालुओं का आकर्षण भी बढ़ेगा।

प्रस्ताव में शामिल प्रमुख स्थल–
. विजेथुआ धाम का हत्याहरण कुंड।
. बेलवाई नाथ धाम के तालाब का सौंदर्यीकरण।
. पांडेयबाबा धाम।
. शिवमंदिर जयसिंहपुर का कुंड।
. असइत-बसइत धाम चंदौर।
. निरसहिया हनुमान मंदिर कुड़वार।
. गौरीशंकर धाम शाहपुर जंगल।
. तेरयें बाबा महादेव धाम।

“आस्था के प्रतीक स्थलों का भेजा प्रस्ताव”
शासन के निर्देश पर लोगों की आस्था के प्रतीक धार्मिक स्थलों का चयन करके प्रस्ताव भेजा गया है। स्वीकृति मिलने पर कार्य कराए जाएंगे। इसमें श्रद्धालुओं के ठहराव समेत अन्य सुविधाओं का ध्यान रखा जाएगा। – कुमार हर्ष, जिलाधिकारी
सत्यार्थ ब्यूरो न्यूज़ सुलतानपुर, उत्तर प्रदेश

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