Advertisement

1. 31 मार्च के बाद अपात्र लोगों के खिलाफ सख्ती से विधिक कार्रवाई होगी, चलेगा वसूली 2. रीट-2024 के लेवल वन-टू के पेपर अपलोड, बोर्ड जल्द जारी करेगा आंसर-की 3. राशन डीलरों का कमीशन बढ़ाया, नई दरें एक अप्रैल से होंगी लागू, पढ़ें खबर 4. सरकार ने मुख्यमंत्री कन्यादान योजना में आवेदन की समय सीमा बढ़ाई, छात्राओं को मिलेगा लाभ

सत्यार्थ न्यूज श्रीडूंगरगढ़-सवांददाता ब्युरो चीफ

1. 31 मार्च के बाद अपात्र लोगों के खिलाफ सख्ती से विधिक कार्रवाई होगी, चलेगा वसूली अभियान

राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के तहत अपात्र लाभार्थियों को हटाने के लिए चल रहे गिव अप अभियान को बड़ी सफ ता मिली है। बीकानेर जिले में 35 हजार से अधिक अपात्र व्यक्तियों ने स्वेच्छा से अपना नाम हटाने की पहल की है और यह आंक ड़ा लगातार बढ़ रहा है। सरकार ने इस अभि यान की समय सीमा 31 मार्च 2025 तक बढ़ा दी है, ताकि और अधिक अपात्र लोग अपनी सहमति से योजना का लाभ छोड़ सकें। इस अभियान का उद्देश्य वास्तव में जरूर तमंद लोगों को योजना का लाभ सुनि ्चित करना है। रसद विभाग द्वारा 150 अपात्र लाभार्थियों को पहले ही नोटिस जारी किए जा चुके हैं और 31 मार्च 2025 के बाद योजना का गलत लाभ उठाने वालों पर विधिक कार्रवाई के साथ साथ राशि वसूली का अभियान भी चलाया जाएगा। सरकार अपात्र लाभार थियों की पहचान के लिए गोपनीय सर्वे करवा रही है, जिसमें पटवारी और ग्राम सेवकों की मदद ली जा रही है।

2.रीट-2024 के लेवल वन-टू के पेपर अपलोड, बोर्ड जल्द जारी करेगा आंसर-की

राजस्थान अध्यापक पात्रता परीक्षा (रीट)-2024 के पेपर राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने बुधवार रात 8 बजे अपलोड कर दिए हैं। राजस्थान बोर्ड की रीट वेबसाइट पर इसे देखा जा सकता है। बोर्ड सचिव कैलाश चन्द शर्मा ने कहा कि आंसर-की जल्द ही जारी कर दी जाएगी। बता दें कि 27 और 28 फरवरी को तीन पारियों में हुए एग्जाम में कुल 13 लाख 77 हजार 256 कैंडिडेट्स शामिल हुए थे। एग्जाम में लेवल-वन के 4 लाख 6 हजार 953 और लेवल-2 के 9 लाख 70 हजार 303 कैंडिडेट्स बैठे थे। परीक्षा के लिए कुल 15 लाख 44 हजार 518 आवेदन आए थे।

इस बार अभ्यर्थियों को नहीं मिला था पेपर

सचिव कैलाश चन्द शर्मा के अनुसार इस बार भी 2022 की तरह पेपर कैंडिडेट्स को नहीं दिया गया था। इसलिए आसंर-की जारी करने से पहले पेपर अपलोड किए गए। ताकि आंसर की जारी होने पर मिलान कर सके। आंसर की पर आपत्ति दर्ज कराने के लिए कैंडिडेट्स को समय दिया जाएगा। इसके बाद रिजल्ट जारी होगा।

3.राशन डीलरों का कमीशन बढ़ाया, नई दरें एक अप्रैल से होंगी लागू, पढ़ें खबर

सरकार ने राजस्थान में राशन डीलर्स का कमीशन 13.70 रुपए बढ़ा दिया है। डीलर लंबे समय से कमीशन बढ़ाने की मांग कर रहे थे। इसे देखते हुए कमीशन 137 रुपए प्रति क्विंटल से बढ़ाकर 150.70 रुपए कर दिया है। बढ़ी हुई दरें 1 अप्रैल से लागू होंगी। आदेश के अनुसार राशन डीलरों को मिलने वाले कमीशन में राज्य सरकार के मद का कमीशन बढ़ाया गया है। राज्य सरकार वर्तमान में हर राशन डीलर को 100 किलोग्राम गेहूं का आवंटन करने पर 26 रुपए कमीशन देती है, जिसे अब 13.70 रुपए बढ़ाकर 39.70 रुपए प्रति क्विंटल कर दिया है। इसके अलावा केंद्र से मिलने वाला 90 रुपए और पॉश मशीनों से आवंटन करने पर मिलने वाला अतिरिक्त 21 रुपए कमीशन पहले की तरह ही मिलता रहेगा। बता दें कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना (NFSA) के तहत गरीब तबके के लोगों को केंद्र सरकार हर महीने फ्री गेहूं राशन दुकानों से आवंटन करती है। NFSA सूची से जुड़े हर व्यक्ति को हर महीने 5 किलोग्राम गेहूं दिया जाता है।

रख-रखाव के लिए जारी रहेगी कटौती

इस कमीशन में से वर्तमान में कट रहे रख-रखाव के 9.21 रुपए की कटौती होती रहेगी। वर्तमान में पोस मशीनों के रखरखाव के पेटे सरकार 5.21 रुपए प्रति क्विंटल और इलेक्ट्रॉनिक कांटे के पेटे 4 रुपए प्रति क्विंटल की कटौती की जा रही है। ये कटौती आगे भी जारी रहेगी।

प्रदेश में 25 हजार दुकानें, 4.36 करोड़ लोग सूची में शामिल

राजस्थान में वर्तमान में 25 हजार राशन की दुकानें हैं, जिनके जरिए सरकार अनुसार से जुड़े परिवारों को हर महीने गेहूं का फ्री वितरण करवाती है। इन दुकानों पर आने वाले लाभार्थी पॉश मशीन पर अंगूठा लगाते हैं, जिसके बाद ही उनको गेहूं का वितरण किया जाता है। राजस्थान में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना से 4.36 करोड़ लोग जुड़े हैं। सरकार ने पिछले दिनों एनएफएसए का पोर्टल खोलकर लोगों से आवेदन लिए थे। सरकार इस साल 30 लाख से ज्यादा लोगों के नाम इस सूची में जोडऩे की तैयारी कर रही है।

4.सरकार ने मुख्यमंत्री कन्यादान योजना में आवेदन की समय सीमा बढ़ाई, छात्राओं को मिलेगा लाभ

मुख्यमंत्री कन्यादान योजनान्तर्गत समाज के निर्धन एवं कमजोर वर्गों के कल्याणार्थ विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का संचालन किया जा रहा है। इसी श्रृंखला में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री कन्यादान योजना ने अनेक परिवारों को संबल प्रदान करते हुए लाभांवित किया है। मुख्यमंत्री कन्यादान योजना में आवेदन की समय-सीमा बढ़ाने का निर्णय, इसी दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है। इसके तहत सरकार लाभार्थियों को वित्तीय सहायता प्रदान करेगी।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के संयुक्त निदेशक एल.डी. पंवार ने बताया कि योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2024-25 में जिले में 319 कन्याओं को अनुदान के रूप में 133.01 लाख रुपए की सहायता प्रदान की गई।

यह हैं पात्र

पंवार ने बताया कि योजनान्तर्गत सभी वर्गों के बी.पी.एल परिवार, आस्थाकार्ड धारी तथा आर्थिक दृष्टि से ऐसे कमजोर परिवार, जिनमें कोई कमाने वाला वयस्क नहीं है, की विधवा महिलाओं की पुत्रियों के विवाह हेतु सहायता राशि उपलब्ध करायी जाती है। यह सहायता राशि 18 वर्ष या अधिक आयु की किन्हीं दो कन्या सन्तानों के विवाह हेतु देय होगी।

योजनान्तर्गत मिलने वाला लाभ

संयुक्त निदेशक ने बताया कि योजना के तहत अनुसूचित जाति, जनजाति एवं अल्पसंख्यक वर्ग के बीपीएल परिवारों की 18 वर्ष या इससे अधिक आयु की कन्या के विवाह पर देय सहायता राशि 31 हजार रुपए है। कन्या के दसवीं पास होने पर 10 हजार रूपए की प्रोत्साहन राशि सहित कुल 41 हजार रुपए एवं कन्या के स्नातक उत्तीर्ण होने पर 20 हजार रुपये प्रोत्साहन राशि सहित कुल 51 हजार रुपए की राशि देने का प्रावधान है। यह सहायता राशि अधिकतम 2 पुत्रियों के विवाह पर ही देय है। इसी प्रकार अनुसूचित जाति, जनजाति एवं अल्पसंख्यक वर्ग के बीपीएल परिवारों को छोड़कर शेष सभी वर्गों के बीपीएल परिवारों, अंत्योदय परिवार, आस्था कार्ड धारी परिवार, आर्थिक दृष्टि से कमजोर विधवा महिलाओं की 18 वर्ष या अधिक आयु की कन्या, उत्कृष्ट महिला खिलाड़ी के स्वयं के विवाह पर, पालनहार योजना में लाभार्थी की कन्या के विवाह पर, दिव्यांगजन की पुत्री के विवाह पर 21 हजार रुपए राशि देय होगी। कन्या के दसवीं पास होने पर 10 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि सहित कुल 31 हजार रुपए एवं कन्या के स्नातक उत्तीर्ण होने पर 20 हजार रुपए प्रोत्साहन राशि सहित कुल 41 हजार रुपए की राशि देने का प्रावधान है।

ऑनलाइन आवेदन ही स्वीकार

संयुक्त निदेशक ने बताया कि योजनान्तर्गत आवेदन ऑनलाईन ही स्वीकार्य है। आवेदन के लिए प्रार्थी ई-मित्र कियोस्क अथवा स्वंय की एस.एस.ओ. आई डी द्वारा जनआधार के माध्यम से विभागिय पॉर्टल पर आवेदन कर सकते है। आवेदन विवाह दिनांक से 1 वर्ष के भीतर ऑनलाइन करना अनिवार्य होगा।

आवश्यक दस्तावेज

योजना का लाभ प्राप्त करने हेतु मूल निवास प्रमाण पत्र/मतदाता पहचान पत्र/राशनकार्ड की प्रति, बैंक खाता संख्या व पासबुक फोटो प्रति, आधारकार्ड एवं जनआधार कार्ड, विवाह प्रमाण पत्र, शैक्षणिक योग्यता प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, शपथ प्रमाण पत्र, वर-वधू के जन्म प्रमाण पत्र, बीपीएल/अंत्योदय कार्ड, दिव्यांगजन श्रेणी हेतु 40 प्रतिशत या अधिक नि:शक्तता प्रमाण पत्र एवं आय प्रमाण पत्र, पालनहार प्रमाण पत्र, विधवा होने पर पति का मृत्यु प्रमाण पत्र/विधवा पेंशन योजना (पी.पी.ओ.) की फोटो प्रति आवश्यक दस्तावेज संलग्न करने होंगे।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!