अंकुर कुमार पाण्डेय ब्यूरो चीफ
सत्यार्थ न्यूज वाराणसी
वाराणसी। डॉ अजय पाल शर्मा पुलिस अधीक्षक जौनपुर ने किया छात्रा के अपहरण का पर्दाफाश छात्रा ने खुद रची थी अगवा होने की कहानी; बोली, मम्मी-पापा के डर से किया

जौनपुर में छात्रा के अपहरण के मामले ने नया रूप ले लिया है। पुलिस की छानबीन में पता चला है कि छात्रा ने खुद ही अपने अपहरण की साजिश रची थी। उधर, माता- पिता पुलिस के खुलासे से असंतुष्ट दिख रहे हैं। जौनपुर जिले के जलालपुर में शुक्रवार को हुई छात्रा की अपहरण मामले में नया मोड़ आया है। घटना की शिकार छात्रा ने खुद ही पूरी कहानी गढ़ी और उसे अपहरण का रूप दे दिया। पुलिस ने जब सीसी फुटेज की जांच की तो मामले का खुलासा हुआ। छात्रा खुद ही साइकिल से जलालपुर से चंदवक की तरफ जाते दिखाई दी थी। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस हलकान हो गई। वहीं छात्रा ने कहानी रची कि स्कूल जाते समय काले रंग की कार पर सवार चार लोगों ने अपहरण कर लिया। पुलिस ने जब मामले की छानबीन की तो सामने आया कि छात्र घर से साइकिल लेकर स्कूल के लिए निकली लेकिन स्कूल ना जाकर वह चंदवक पहुंच गई। परिजनों की डांट से बचने के लिए उन्होंने यह कहानी रच डाली। इसकी पुष्टि इंस्पेक्टर मनोज कुमार सिंह ने भी की। कहा कक्षा छह की छात्रा सुबह घर से साइकिल से स्कूल जाने के लिए निकली लेकिन वह स्कूल ना पहुंच कर साइकिल से ही चंदवक जा पहुंची। वहीं से अपने अपहरण की कहानी रच डाली। जब छात्रा के पिता ने अपहरण की तहरीर दी तो जांच में मामला कुछ और ही निकला। उसी विद्यालय के एक छात्र ने पुलिस को बताया कि उसे साइकिल से केराकत की तरफ जाते हुए देखा गया। सीसी कैमरे से खुला राज जब उस रास्ते पर लगे दर्जनों सीसी कैमरे को चेक किया गया तो साइकिल से ही छात्रा चंदवक की तरफ जा रही थी। जब कड़ाई से छात्रा से पूछा गया तो उसने बताया कि मम्मी- पापा के डर से हमने यह सब कहानी बनाई और उसी के निशानदेही पर ही मुढ़ैला हाईवे पर स्थित घरों के पास से छात्रा के बताने के आधार पर ही पुलिस ने साइकिल बरामद कर ली। वहीं स्कूल बैग को छात्रा ने नदी में फेंक दिया। पुलिस द्वारा किए गए घटना के खुलासे से असंतुष्ट दिखे माता-पिता इस मामले पर लड़की के पिता राजीव सरोज तथा माता बेबी सरोज से बात की गई तो उन्होंने बताया कि पुलिस की इस खुलासे से वो संतुष्टि नहीं हैं। मामला दिन का था और उनकी बेटी की साइकिल पुलिस के द्वारा जहां से बरामद की गई वहां घर है और लोग रहते हैं। क्या किसी ने एक्सीडेंट होते नहीं देखा। जबकि पुलिस का कहना है कि बच्ची को किसी वाहन से चोट लगी है, हालांकि देखने से स्पष्ट लगता है कि इतना पतला चोट धारदार हथियार या ब्लेड से किया गया है। बच्ची किस दबाव में में बयान बदल रही है। हमे नहीं पता, मेरे बच्ची के साथ कुछ ना कुछ तो घटना हुई है। 24 घंटे के अंदर भाजपा के कार्यकर्ताओं ने दी थी थाना घेरने की चेतावनी बच्ची के पिता राजीव सरोज ने बताया कि उन्होंने व भाजपा के क्षेत्रीय कार्यकर्ताओं ने पुलिस अधीक्षक समेत समस्त अधिकारियों को 24 घंटे के अंदर घटना का खुलासा करने की चेतावनी दी थी। अन्यथा की स्थिति में अगले दिन थाना घेरने की बात कही गई थी। इसी चेतावनी को लेकर पुलिस ने मामले को खोलकर लोगो को संतुष्ट करने का प्रयास किया है। क्या बोले अधिकारी छात्रा परिजनों से नाराज थी। अपनी मर्जी से घर छोड़ कर गई थी। ऐसे कई साक्ष्य बरामद हुए हैं। फिलहाल छात्रा पूरी तरह से सुरक्षित है और परिजनों के साथ है।














Leave a Reply